Yogi Cabinet: मदरसा अधिनियम में संशोधन मंजूर, घुमंतू विकास बोर्ड का गठन; प्रदेश में लागू होगी फसल बीमा योजना

उत्तर प्रदेश मंत्रिपरिषद ने हाल ही में 21 महत्वपूर्ण प्रस्तावों को मंजूरी दी है, जिसमें मदरसा शिक्षा परिषद अधिनियम में संशोधन, घुमंतू विकास बोर्ड का गठन और पूरे
उत्तर प्रदेश मंत्रिपरिषद ने हाल ही में 21 महत्वपूर्ण प्रस्तावों को मंजूरी दी है, जिसमें मदरसा शिक्षा परिषद अधिनियम में संशोधन, घुमंतू विकास बोर्ड का गठन और पूरे प्रदेश में फसल बीमा योजना लागू करने का निर्णय शामिल है। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की अध्यक्षता में मंगलवार को हुई बैठक में इन प्रस्तावों पर चर्चा की गई। यह निर्णय प्रदेश के बुनियादी ढांचे, कृषि, शिक्षा, सामाजिक कल्याण और प्रशासनिक सुधारों से संबंधित हैं। कैबिनेट के इन फैसलों का मुख्य उद्देश्य प्रदेश में निवेश, रोजगार, आधारभूत सुविधाओं और जनकल्याण योजनाओं को नई गति देना है।
कैबिनेट ने विमुक्त, घुमंतू एवं अर्ध-घुमंतू समुदायों के सामाजिक और आर्थिक उत्थान के लिए उत्तर प्रदेश घुमंतू विकास बोर्ड के गठन को मंजूरी दी। इसके साथ ही, एमएसएमई विभाग की विश्वकर्मा श्रम सम्मान योजना 2.0 के संशोधित दिशा-निर्देश और नए वित्तीय प्रावधानों को भी स्वीकृति दी गई। इसके अलावा, ग्राम्य विकास विभाग और एचसीएल फाउंडेशन के बीच समुदाय परियोजना के लिए वर्ष 2015 से लागू समझौते (एमओयू) को अगले पांच वर्षों के लिए बढ़ाने का निर्णय भी लिया गया। यह सभी निर्णय प्रदेश के विकास में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएंगे।
किसानों को प्राकृतिक आपदाओं से सुरक्षा देने के लिए वित्तीय वर्ष 2026-27 (खरीफ 2026 एवं रबी 2026-27) में पूरे प्रदेश में प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना और पुनर्गठित मौसम आधारित फसल बीमा योजना लागू करने के प्रस्ताव को भी मंजूरी दी गई। इसके अलावा, कैबिनेट ने उच्चतम न्यायालय के निर्णय के अनुपालन में उत्तर प्रदेश मदरसा शिक्षा परिषद अधिनियम, 2004 में प्रथम संशोधन को मंजूरी दी। उत्तर प्रदेश मजदूरी संहिता नियमावली-2026 को भी स्वीकृति दी गई। इसके साथ ही, भवन एवं अन्य सन्निर्माण कर्मकार (उत्तर प्रदेश संशोधन) विधेयक-2020 को केंद्र सरकार से वापस लेने पर सहमति दी गई। इस प्रकार, उत्तर प्रदेश की कैबिनेट ने कई महत्वपूर्ण निर्णय लिए हैं जो प्रदेश के विकास और कल्याण के लिए आवश्यक हैं।
















