Bombay HC Takes Action: पेपर लीक पर सख्त एक्शन की तैयारी, बॉम्बे HC ने बनाई 25 फास्ट-ट्रैक अदालतें

बॉम्बे हाईकोर्ट ने पेपर लीक से संबंधित अपराधों को रोकने के लिए एक महत्वपूर्ण कदम उठाया है। इस दिशा में, हाईकोर्ट ने neet और अन्य प्रतियोगी परीक्षाओं में गड़बड़ी
बॉम्बे हाईकोर्ट ने पेपर लीक से संबंधित अपराधों को रोकने के लिए एक महत्वपूर्ण कदम उठाया है। इस दिशा में, हाईकोर्ट ने NEET और अन्य प्रतियोगी परीक्षाओं में गड़बड़ी से जुड़े मामलों की सुनवाई के लिए 25 विशेष फास्ट-ट्रैक अदालतें स्थापित की हैं। यह निर्णय उन छात्रों और प्रतियोगियों के लिए एक सकारात्मक संकेत है, जो निष्पक्षता और पारदर्शिता की उम्मीद कर रहे थे। इन अदालतों का गठन उन मामलों की त्वरित सुनवाई सुनिश्चित करेगा, जो परीक्षा में धोखाधड़ी और अनियमितताओं से संबंधित हैं। यह कदम न केवल न्यायिक प्रक्रिया को तेज करेगा, बल्कि इससे उन अपराधियों को भी सख्त सजा मिलेगी, जो इस तरह के अपराधों में लिप्त हैं।
इन 25 विशेष अदालतों में से 23 नई अदालतें महाराष्ट्र के विभिन्न जिलों में स्थापित की गई हैं, जबकि औरंगाबाद और नागपुर की दो अदालतें पहले से ही 24 जुलाई को बनाई जा चुकी थीं। बॉम्बे हाईकोर्ट के रजिस्ट्रार (निरीक्षण-I) ने 1 अगस्त 2026 को इस संबंध में एक नोटिस जारी किया, जिसमें अदालतों की स्थापना की जानकारी दी गई। ये विशेष अदालतें तीन प्रमुख कानूनों के तहत दर्ज अपराधों का परीक्षण करेंगी, जिनमें लोक परीक्षा (अनुचित साधनों का निवारण) अधिनियम- 2024, भारतीय न्याय संहिता, 2023 (BNS) के प्रासंगिक प्रावधान और महाराष्ट्र विश्वविद्यालय, बोर्ड और अन्य निर्दिष्ट परीक्षा अनुचित साधन निवारण अधिनियम, 1982 शामिल हैं।


















