Faculty Dispute at DU: शिक्षकों के धरने से बढ़ा विवाद

नई दिल्ली में दिल्ली विश्वविद्यालय के फैकल्टी ऑफ टेक्नोलॉजी में नए शैक्षणिक सत्र की शुरुआत के साथ ही एक विवाद ने जन्म लिया है, जो अब प्रशासन और शिक्षक संगठन के
नई दिल्ली में दिल्ली विश्वविद्यालय के फैकल्टी ऑफ टेक्नोलॉजी में नए शैक्षणिक सत्र की शुरुआत के साथ ही एक विवाद ने जन्म लिया है, जो अब प्रशासन और शिक्षक संगठन के बीच टकराव का रूप ले चुका है। विश्वविद्यालय प्रशासन ने 28 जुलाई को पहले दिन सुबह 9 बजे से 10:30 बजे के बीच बिना पूर्व अनुमति अनुपस्थित पाए गए 34 शिक्षकों को कारण बताओ नोटिस जारी किया। इस नोटिस में शिक्षकों से शाम पांच बजे तक स्पष्टीकरण मांगा गया। इसके बाद संबंधित शिक्षक और दिल्ली विश्वविद्यालय शिक्षक संघ (डूटा) ने इस कार्रवाई के खिलाफ विरोध प्रदर्शन शुरू कर दिया और नोटिस को वापस लेने की मांग की। डूटा ने धरने के माध्यम से अपनी नाराजगी व्यक्त की और प्रशासन के इस कदम को अनुचित बताया।
विश्वविद्यालय प्रशासन का कहना है कि नए शैक्षणिक सत्र का पहला दिन विद्यार्थियों के लिए अत्यंत महत्वपूर्ण होता है। इस दिन नए छात्रों का स्वागत किया जाता है, कक्षाओं का संचालन होता है और शैक्षणिक गतिविधियों की शुरुआत होती है। ऐसे में बड़ी संख्या में शिक्षकों का अनुपस्थित रहना छात्रों के हितों और अकादमिक व्यवस्था पर प्रतिकूल प्रभाव डाल सकता है। इसी कारण प्रशासन ने अनुपस्थिति को गंभीरता से लेते हुए शिक्षकों से स्पष्टीकरण मांगा है। मेमोरेंडम में स्पष्ट किया गया है कि यदि संतोषजनक जवाब नहीं मिलता या निर्धारित समय में स्पष्टीकरण प्रस्तुत नहीं किया जाता है, तो विश्वविद्यालय के नियमों के अनुसार आगे की कार्रवाई की जा सकती है।



















