Founder trusts skills over degrees: हैदराबाद के स्टार्टअप फाउंडर ने टैक्सी ड्राइवर को बनाया पहला कर्मचारी

किसी कंपनी में नौकरी पाने के लिए आमतौर पर अच्छी डिग्री, कॉर्पोरेट अनुभव और एक मजबूत रिज्यूमे को जरूरी माना जाता है। लेकिन हैदराबाद के एक स्टार्टअप के फाउंडर, गज
किसी कंपनी में नौकरी पाने के लिए आमतौर पर अच्छी डिग्री, कॉर्पोरेट अनुभव और एक मजबूत रिज्यूमे को जरूरी माना जाता है। लेकिन हैदराबाद के एक स्टार्टअप के फाउंडर, गजुला ने करीब 10 साल पहले इन पारंपरिक तरीकों से अलग जाकर एक ऐसा फैसला लिया, जिसने सबको चौंका दिया। उन्होंने एक टैक्सी ड्राइवर को अपनी कंपनी का पहला कर्मचारी बनाया। गजुला ने बताया कि जब वह अपनी कंपनी को शुरू कर रहे थे, तब उन्होंने कर्मचारियों का चयन करते समय केवल डिग्री और अनुभव पर ध्यान नहीं दिया। उन्होंने एक ऐसे व्यक्ति को देखा, जिसे शायद कोई भी पारंपरिक भर्तीकर्ता पहली नजर में नौकरी के लिए उपयुक्त नहीं मानता।
गजुला के अनुसार, उस व्यक्ति के पास कॉर्पोरेट सेक्टर का कोई अनुभव नहीं था और न ही अंग्रेजी बोलने की क्षमता थी। उसके रिज्यूमे में भी कोई ऐसी बात नहीं थी, जो किसी बड़ी कंपनी के HR को प्रभावित कर सके। लेकिन उस व्यक्ति में कुछ ऐसी विशेषताएँ थीं, जो गजुला को अधिक महत्वपूर्ण लगीं। वह सीखने के लिए तैयार था, ईमानदार था, और समस्याओं का समाधान निकालने की कोशिश करता था। यही वजह थी कि गजुला ने इस बात पर भरोसा किया कि वह आगे क्या कर सकता है, बजाय इसके कि उसे क्या कमी है।



















