Attempted Kidnapping in Kanpur: जमानत के बावजूद दंपती के अपहरण की कोशिश

कानपुर में एक दंपती के अपहरण की कोशिश का मामला सामने आया है, जिसमें मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट प्रदीप कुमार शुक्ला की कोर्ट ने बिजनौर के दो पुलिसकर्मियों समेत सात
कानपुर में एक दंपती के अपहरण की कोशिश का मामला सामने आया है, जिसमें मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट प्रदीप कुमार शुक्ला की कोर्ट ने बिजनौर के दो पुलिसकर्मियों समेत सात लोगों के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज करने का आदेश दिया है। यह मामला तब प्रकाश में आया जब एक महिला ने आरोप लगाया कि उन्हें और उनके पति को एक आपराधिक मामले में हाई कोर्ट से जमानत मिलने के बावजूद अपहरण करने का प्रयास किया गया। महिला ने कोर्ट में प्रार्थना पत्र देकर पुलिस की ओर से रिपोर्ट न दर्ज करने की शिकायत की थी। इस मामले में गोल्ड कोस्ट गाजियाबाद निवासी विनीता टिबरेबाल ने द्वारापुरी मुजफ्फर नगर निवासी जतिन चौधरी, शक्ति चौक बिजनौर निवासी अमित चौधरी, नीरज चौधरी, गौरव असीम, अवधेश कुमार, बिजनौर की कोतवाली के उप निरीक्षक विनय कुमार सिंह और आरक्षी सनी सिंह के खिलाफ प्रार्थना पत्र दिया था। विनीता ने बताया कि वह सोलर रिनेवेबल इनर्जी एलएलपी की सह पार्टनर हैं।
महिला ने आरोप लगाया कि पुनीत कुमार ने मनगढंत कहानी रचकर उनके और उनके पति गोपाल टिबरेबाल के खिलाफ जालसाजी और आपराधिक विश्वासघात की रिपोर्ट बिजनौर कोतवाली में दर्ज कराई थी। इस मामले में दोनों को हाई कोर्ट से अग्रिम जमानत मिल गई थी। 24 अप्रैल को विनीता और उनके पति कानपुर आए थे, जहां वे एक पारिवारिक मुकदमे के सिलसिले में अधिवक्ता सिद्धार्थ चौधरी से मिलने के लिए किंग्सटन रिसार्ट कैंट में ठहरे थे। इसी दौरान, आरोपियों ने उन पर हमला किया और उन्हें बंधक बना लिया। उप निरीक्षक ने उन्हें जबरन अपने वाहन में बैठा लिया, जबकि दोनों ने मदद के लिए चिल्लाया। इस बीच, किसी ने कैंट पुलिस को सूचना दी, जो मौके पर पहुंची।















