IDFC Bank Scam: IAS Pankaj Agarwal's Bail Decision Today

आईडीएफसी फर्स्ट बैंक से जुड़े 657 करोड़ रुपये के कथित सरकारी धन गबन मामले में वरिष्ठ आईएएस अधिकारी पंकज अग्रवाल की नियमित जमानत याचिका पर सीबीआई की विशेष अदालत
आईडीएफसी फर्स्ट बैंक से जुड़े 657 करोड़ रुपये के कथित सरकारी धन गबन मामले में वरिष्ठ आईएएस अधिकारी पंकज अग्रवाल की नियमित जमानत याचिका पर सीबीआई की विशेष अदालत में बुधवार को बहस पूरी हो गई। इस मामले में पंकज अग्रवाल को 23 जून 2026 को गिरफ्तार किया गया था, जब वह हरियाणा सरकार में स्कूल शिक्षा एवं कृषि विभाग के प्रधान सचिव के पद पर कार्यरत थे। सीबीआई ने अदालत में अपनी दलीलें पेश करते हुए कहा कि अग्रवाल को मामले के मुख्य आरोपी रिभव ऋषि से आर्थिक और अन्य अनुचित लाभ पहुंचाए गए। अदालत ने दोनों पक्षों की दलीलें सुनने के बाद फैसला सुरक्षित रख लिया है, जिस पर वीरवार को आदेश सुनाया जाएगा। इस मामले में सीबीआई ने जमानत याचिका का विरोध करते हुए कहा कि अग्रवाल की भूमिका मामले में महत्वपूर्ण है और उन्हें जमानत नहीं दी जानी चाहिए।
इस मामले में अन्य आरोपियों की जमानत याचिकाओं पर भी सुनवाई की गई। एयू स्मॉल फाइनेंस बैंक के रीजनल मैनेजर अरुण शर्मा और निजी व्यक्ति अंकुर शर्मा की जमानत याचिकाओं पर अदालत ने अलग-अलग तारीखें तय की हैं। अदालत ने अरुण शर्मा की याचिका पर 10 अगस्त और अंकुर शर्मा की याचिका पर 7 अगस्त की तारीख तय की है। सीबीआई ने अदालत को बताया कि इन दोनों आरोपियों की भूमिका भी मामले में महत्वपूर्ण है और उन्हें जमानत नहीं दी जानी चाहिए। सीबीआई ने अदालत से अनुरोध किया कि अन्य आरोपियों की हाईकोर्ट में लंबित जमानत याचिकाओं की स्थिति के बारे में भी जानकारी दी जाए।
















