Protest at Jantar Mantar: एफआईआर में दावा- हिंसा में सीजेपी के साथ आप नेताओं का भी हाथ, सुनियोजित साजिश बताया

जंतर-मंतर पर कॉकरोच जनता पार्टी (सीजेपी) द्वारा आयोजित प्रदर्शन के दौरान हुई हिंसा के मामले में 21 जुलाई को दर्ज की गई पहली एफआईआर में एक सुनियोजित साजिश का आरो
जंतर-मंतर पर कॉकरोच जनता पार्टी (सीजेपी) द्वारा आयोजित प्रदर्शन के दौरान हुई हिंसा के मामले में 21 जुलाई को दर्ज की गई पहली एफआईआर में एक सुनियोजित साजिश का आरोप लगाया गया है। इस एफआईआर में कहा गया है कि आम आदमी पार्टी (आप) के नेताओं ने इस हिंसा को भड़काने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। आरोप है कि सीजेपी के प्रमुख नेताओं ने असामाजिक तत्वों का सहारा लेकर इस प्रदर्शन को हिंसक बना दिया। इस मामले में सीसीटीवी फुटेज का उपयोग करके इन असामाजिक तत्वों की पहचान की जा सकती है, जिससे यह स्पष्ट हो सकेगा कि किसने और कैसे इस हिंसा को बढ़ावा दिया। यह एफआईआर इस बात का संकेत है कि इस प्रदर्शन के पीछे एक बड़ी योजना थी, जिसमें कई राजनीतिक दलों के नेता शामिल थे।
इस बीच, जंतर-मंतर पर प्रदर्शन के समर्थन में सोशल मीडिया पर सक्रिय कई बड़े इंफ्लुएंसर और यूट्यूबर पर कार्रवाई की तैयारी की जा रही है। अधिकारियों ने बताया कि डिजिटल मार्केटिंग, सोशल मीडिया प्रबंधन और कंटेंट प्रमोशन से संबंधित तीन बड़ी कंपनियों के दस्तावेजों की जांच की जा रही है। इन कंपनियों के माध्यम से प्रदर्शन के पक्ष में व्यापक प्रचार किया गया था, जो अब जांच के दायरे में आ गया है। इसके अलावा, कुछ पूर्व पत्रकारों पर भी आरोप लगाया गया है कि उन्होंने इस प्रदर्शन को बढ़ावा देने के लिए अभियान चलाया, जिससे यह मामला और भी जटिल हो गया है।














