Legal Troubles for AAP Leaders: दिल्ली HC ने केजरीवाल और सिसोदिया को चार हफ्ते का समय दिया

दिल्ली हाई कोर्ट ने आबकारी घोटाला मामले में सुनवाई के दौरान चार प्रमुख नेताओं, जिनमें दिल्ली के पूर्व मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल, उपमुख्यमंत्री मनीष सिसोदिया,
दिल्ली हाई कोर्ट ने आबकारी घोटाला मामले में सुनवाई के दौरान चार प्रमुख नेताओं, जिनमें दिल्ली के पूर्व मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल, उपमुख्यमंत्री मनीष सिसोदिया, संजय सिंह और सौरभ भारद्वाज शामिल हैं, को चार सप्ताह का समय दिया है। यह समय उन्हें अदालत में जवाब दाखिल करने के लिए दिया गया है, जिसमें उन पर न्यायमूर्ति स्वर्ण कांता शर्मा के खिलाफ इंटरनेट मीडिया पर चलाए गए अभियान के तहत आपराधिक अवमानना का आरोप लगाया गया है। सुनवाई के दौरान, केजरीवाल और अन्य नेताओं के वकीलों ने अदालत को बताया कि उन्हें अब तक वह सामग्री प्राप्त नहीं हुई है, जो इस अवमानना मामले का आधार बनी है। इसके बाद, अदालत ने रजिस्ट्री को निर्देश दिया कि संबंधित पक्षों को आवश्यक सामग्री उपलब्ध कराई जाए ताकि सभी प्रतिवादी समय पर अपना जवाब दाखिल कर सकें। इस मामले की अगली सुनवाई 21 सितंबर को होगी।
इस मामले की शुरुआत 14 मई को हुई थी, जब न्यायमूर्ति स्वर्ण कांता शर्मा ने केजरीवाल और अन्य नेताओं के खिलाफ आपराधिक अवमानना की कार्यवाही शुरू की थी। यह कार्यवाही उस समय की गई थी जब इन नेताओं ने आबकारी नीति से संबंधित इंटरनेट मीडिया पर अपमानजनक पोस्ट किए थे। इसके बाद, अधिवक्ता अशोक चैतन्य ने भी इस मामले में अवमानना याचिका दाखिल की थी। 19 मई को अदालत ने न्यायमूर्ति स्वर्ण कांता शर्मा द्वारा शुरू किए गए अवमानना मामले में सभी को नोटिस जारी किया था और वरिष्ठ अधिवक्ता राजदीपा बेहुरा को न्याय मित्र नियुक्त किया था।
















