Lucknow News: 30 बच्चों के हटने के तीन दिन बाद भरभराया आंगनबाड़ी केंद्र का भवन

मोहनलालगंज। विकासखंड की ग्राम पंचायत माणसं खेड़ा में स्थित एक पुराना आंगनबाड़ी केंद्र, जो लगभग 40 वर्षों से जर्जर अवस्था में था, रविवार की रात तेज बारिश के कारण
मोहनलालगंज। विकासखंड की ग्राम पंचायत माणसं खेड़ा में स्थित एक पुराना आंगनबाड़ी केंद्र, जो लगभग 40 वर्षों से जर्जर अवस्था में था, रविवार की रात तेज बारिश के कारण अचानक ढह गया। इस घटना के पीछे राहत की बात यह है कि भवन की खस्ता हालत को देखते हुए, तीन दिन पहले ही यहां पढ़ने वाले 30 बच्चों को सुरक्षित स्थान पर शिफ्ट कर दिया गया था। इस हादसे में आंगनबाड़ी केंद्र में रखा करीब दो लाख रुपये का फर्नीचर, शिक्षण सामग्री, खिलौने, बर्तन और अन्य सामान मलबे में दब गया। सोमवार की सुबह, स्थानीय ग्रामीणों ने मलबा हटाकर नुकसान का जायजा लिया और स्थिति की गंभीरता को समझा। प्रधान मोनू यादव ने बताया कि सामुदायिक मिलन केंद्र के जर्जर भवन में लंबे समय से आंगनबाड़ी केंद्र चलाया जा रहा था। भवन की बिगड़ती हालत को देखते हुए, बच्चों को गांव की दूसरी इमारत में स्थानांतरित किया गया था। यह निर्णय समय पर लिया गया, जिससे बच्चों की जान बच गई।
ग्रामीणों ने बताया कि खंड विकास अधिकारी (बीडीओ) से कई बार नए भवन के निर्माण या मरम्मत की मांग की गई थी, लेकिन इस पर कोई कार्रवाई नहीं हुई। हादसे के बाद, ग्रामीणों ने अधिकारियों पर नाराजगी जताई और कहा कि इस घटना की सूचना मिलने के बावजूद कोई अधिकारी मौके पर नहीं पहुंचा। उन्होंने तत्काल नए आंगनबाड़ी भवन के निर्माण और जिम्मेदार अधिकारियों पर कार्रवाई की मांग की है। इस संबंध में बीडीओ ने कहा कि वह हाल ही में तैनात हुए हैं और उन्हें इस मामले की जानकारी नहीं थी। उन्होंने आश्वासन दिया कि आवश्यक कार्रवाई की जाएगी।
















