Corruption Case in Shravasti: विधवा से 30 हजार की रिश्वत लेकर लेखपाल सस्पेंड

श्रावस्ती के जमुनहा तहसील के बरदेहरा भारी गांव में एक लेखपाल पर गंभीर आरोप लगे हैं। बताया जा रहा है कि लेखपाल ने एक विधवा महिला से जमीन की वरासत के नाम पर 30 हज
श्रावस्ती के जमुनहा तहसील के बरदेहरा भारी गांव में एक लेखपाल पर गंभीर आरोप लगे हैं। बताया जा रहा है कि लेखपाल ने एक विधवा महिला से जमीन की वरासत के नाम पर 30 हजार रुपये की रिश्वत ली। यह मामला तब सामने आया जब महिला ने शिकायत की कि उसके पति की मृत्यु के बाद उसकी जमीन का वरासत उसके जेठ के नाम कर दिया गया। विधवा महिला का नाम शुभावती है, जो अपने पति स्वर्गीय राम कुमार की पत्नी हैं। एक वर्ष पहले उनके पति का निधन हो गया था और उनकी जमीन का वरासत उनके बड़े बेटे रामदीन और शुभावती के नाम होना था। लेकिन, लेखपाल गोपाल ने नियमों का उल्लंघन करते हुए पूरी जमीन को रामदीन के नाम वरासत कर दिया।
महिला ने जब लेखपाल से संपर्क किया तो उन्होंने वरासत के लिए पैसे की मांग की। परेशान होकर शुभावती ने लेखपाल को 30 हजार रुपये दे दिए। इसके बाद भी लेखपाल ने अपनी जिम्मेदारियों का पालन नहीं किया और पूरी जमीन को उसके जेठ के नाम कर दिया। जब महिला को इस धोखाधड़ी का पता चला, तो उसने लेखपाल से पैसे वापस मांगने की कोशिश की। लेखपाल ने उसे 30 हजार रुपये का चेक दिया, लेकिन महिला ने इस मामले की शिकायत डीएम अन्नपूर्णा गर्ग से की। डीएम ने मामले को गंभीरता से लेते हुए जांच के आदेश दिए और लेखपाल को तलब किया।
जांच के बाद, एसडीएम रवि प्रताप सिंह ने लेखपाल को निलंबित कर दिया। राजस्व निरीक्षक की तहरीर पर सोनवा थाने में लेखपाल के खिलाफ धोखाधड़ी और भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम के तहत मामला दर्ज किया गया है। एसडीएम ने बताया कि आरोपित लेखपाल के खिलाफ कार्रवाई की गई है और उन्हें निलंबित कर दिया गया है। अब विधवा महिला शुभावती को अपने हक की जमीन वापस पाने का इंतजार है। यह मामला न केवल भ्रष्टाचार के खिलाफ एक महत्वपूर्ण कदम है, बल्कि यह समाज में महिलाओं के अधिकारों की सुरक्षा के लिए भी एक मिसाल पेश करता है।
















