Inspection by Election Commission: कालाढूंगी में बूथ 52 का निरीक्षण किया उपनिदेशक ने

भारत निर्वाचन आयोग के उपनिदेशक अपूर्व कुमार सिंह ने सोमवार को कालाढूंगी के प्राथमिक विद्यालय रूपपुर में स्थित बूथ संख्या 52 पर चल रहे एसआईआर कार्यों का निरीक्षण
भारत निर्वाचन आयोग के उपनिदेशक अपूर्व कुमार सिंह ने सोमवार को कालाढूंगी के प्राथमिक विद्यालय रूपपुर में स्थित बूथ संख्या 52 पर चल रहे एसआईआर कार्यों का निरीक्षण किया। इस निरीक्षण के दौरान उन्होंने वहां उपस्थित अधिकारियों से बातचीत की और मतदाताओं के मामलों की स्थिति के बारे में जानकारी प्राप्त की। उपनिदेशक ने उन मतदाताओं के बारे में विशेष जानकारी मांगी, जिन्हें नोटिस जारी किए गए हैं। उन्होंने संबंधित अधिकारियों को निर्देश दिए कि इन मामलों का शीघ्र निराकरण किया जाए ताकि मतदाता किसी भी प्रकार की कठिनाई का सामना न करें। इस निरीक्षण में तहसीलदार पूजा रानी और अन्य तहसील कर्मचारी भी उपस्थित थे, जिन्होंने उपनिदेशक को कार्यों की प्रगति के बारे में जानकारी दी। अपूर्व कुमार सिंह ने अधिकारियों को यह भी बताया कि निर्वाचन प्रक्रिया को सुचारू रूप से चलाने के लिए सभी आवश्यक कदम उठाए जाने चाहिए। उन्होंने यह सुनिश्चित करने पर जोर दिया कि सभी मतदाता अपने अधिकारों का सही तरीके से उपयोग कर सकें। इसके साथ ही, उन्होंने यह भी कहा कि निर्वाचन आयोग की जिम्मेदारी है कि वह सभी मतदाताओं को सही और समय पर जानकारी प्रदान करे। इस निरीक्षण के दौरान उपनिदेशक ने बूथ के भौतिक ढांचे और सुविधाओं का भी अवलोकन किया। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिया कि बूथ पर सभी आवश्यक सुविधाएं उपलब्ध कराई जाएं ताकि मतदाता बिना किसी परेशानी के मतदान कर सकें। उन्होंने कहा कि मतदान प्रक्रिया को पारदर्शी और निष्पक्ष बनाना निर्वाचन आयोग की प्राथमिकता है। इस प्रकार के निरीक्षण से यह सुनिश्चित होता है कि चुनावी प्रक्रिया में किसी भी प्रकार की कमी न रह जाए। उपनिदेशक ने अधिकारियों को यह भी याद दिलाया कि निर्वाचन आयोग की ओर से जारी दिशा-निर्देशों का पालन करना अनिवार्य है। इस निरीक्षण के बाद, उन्होंने सभी अधिकारियों को एक बैठक में बुलाया, जहां उन्होंने निर्वाचन प्रक्रिया को लेकर अपनी अपेक्षाएं साझा कीं। उन्होंने कहा कि सभी अधिकारियों को मिलकर काम करना होगा ताकि चुनावी प्रक्रिया को सफलतापूर्वक संपन्न किया जा सके। इस प्रकार के निरीक्षण से निर्वाचन आयोग की प्रतिबद्धता का पता चलता है कि वह चुनावी प्रक्रिया को निष्पक्ष और पारदर्शी बनाने के लिए तत्पर है।
















