Pharmacy Paper Leak Protest: फरीदकोट में कांग्रेस का धरना, गुटबंदी का खुलासा

फरीदकोट में फार्मेसी अधिकारी पेपर नकल मामले को लेकर कांग्रेस द्वारा आयोजित धरने के दौरान पार्टी की आंतरिक गुटबंदी एक बार फिर से उजागर हुई है। बुधवार को बाबा फरी
फरीदकोट में फार्मेसी अधिकारी पेपर नकल मामले को लेकर कांग्रेस द्वारा आयोजित धरने के दौरान पार्टी की आंतरिक गुटबंदी एक बार फिर से उजागर हुई है। बुधवार को बाबा फरीद यूनिवर्सिटी के समक्ष पूर्व मुख्यमंत्री चरनजीत सिंह चन्नी ने धरना दिया, लेकिन इस धरने में कांग्रेस के जिलाध्यक्ष नवदीप सिंह बब्बु बराड़ शामिल नहीं हुए। दरअसल, बब्बु बराड़ राजा वड़िंग ग्रुप के सदस्य हैं और उन्होंने 31 जुलाई को अलग से धरना आयोजित करने का निर्णय लिया है। इस प्रकार, पार्टी के भीतर की गुटबंदी एक बार फिर से सामने आई है। चन्नी और पूर्व मंत्री भारत भूषण आशू ने पहले फरीदकोट में वकीलों द्वारा एलएडीसी नीति के विरोध में चल रहे धरने में भाग लिया और उसके बाद पेपर नकल मामले में धरने में शामिल हुए। इस धरने में पंजाब के विभिन्न जिलों से कांग्रेस नेता भी शामिल हुए।
धरने को संबोधित करते हुए चन्नी ने कहा कि यह केवल पेपर लीक या नकल का मामला नहीं है, बल्कि यह एक बड़ी साजिश है, जिसके तहत आम लोगों को नौकरियों से दूर रखा जा रहा है। उन्होंने आरोप लगाया कि पंजाब में हर नौकरी बिक रही है और केवल अपने चहेतों को ही नौकरियों का लाभ दिया जा रहा है। चन्नी ने कहा कि यह नकल का मामला नहीं है, बल्कि पंजाब के युवाओं और उनकी नौकरियों को लूटने का मामला है। उन्होंने वादा किया कि यदि कांग्रेस की सरकार आती है, तो हर एक नौकरी का हिसाब लिया जाएगा।
चन्नी ने यह भी कहा कि आम आदमी पार्टी (आप) सरकार ने चुनाव से पहले युवाओं को बड़े सपने दिखाए थे, लेकिन वे सभी सपने अधूरे रह गए हैं। उन्होंने कहा कि कांग्रेस सरकार आने पर इस मामले की विजिलेंस जांच करवाई जाएगी। इसके अलावा, उन्होंने यह भी बताया कि आप सरकार के चार साल के कार्यकाल में किसानों, नौकरीपेशा लोगों और सफाई सेवकों पर लाठीचार्ज किया गया। उन्होंने कहा कि पिछले दिनों बरनाला में महिलाओं को भी नहीं बख्शा गया। चन्नी ने यह भी कहा कि पंजाब में माइनिंग नीति नहीं बनने के कारण रेत के दामों पर कोई नियंत्रण नहीं है। इस प्रकार, फरीदकोट में धरने के दौरान गुटबंदी का यह मामला एक बार फिर से सामने आया है, जिसमें चन्नी और राजा वड़िंग ग्रुप द्वारा अलग-अलग धरने का आयोजन किया गया है।

















