No Physical Attendance Required: जम्मू में कश्मीरी पंडितों की सुरक्षा को लेकर प्रशासन ने उठाए कदम

कश्मीर घाटी में सुरक्षा की स्थिति को देखते हुए प्रशासन ने महत्वपूर्ण कदम उठाया है। श्रीनगर में कार्यरत पीएम पैकेज, नॉन-पीएम पैकेज और प्रवासी कर्मचारियों को 20 अ
कश्मीर घाटी में सुरक्षा की स्थिति को देखते हुए प्रशासन ने महत्वपूर्ण कदम उठाया है। श्रीनगर में कार्यरत पीएम पैकेज, नॉन-पीएम पैकेज और प्रवासी कर्मचारियों को 20 अगस्त 2026 तक ऑफिस में उपस्थित होने से छूट दी गई है। इसके साथ ही, स्वतंत्रता दिवस पर आयोजित समारोहों की ड्यूटी से भी उन्हें अलग रखा जाएगा।
हालांकि, इस संबंध में कोई औपचारिक लिखित आदेश जारी नहीं किया गया है, लेकिन संबंधित अधिकारियों को मौखिक निर्देश दिए गए हैं। यह निर्णय श्रीनगर एम्प्लॉइज कलेक्टिव संघ द्वारा जिला उपायुक्त अक्षय लबरू को भेजे गए पत्र के बाद लिया गया है। पत्र में लक्षित हत्याओं के संदर्भ में कर्मचारियों के बीच व्याप्त डर का उल्लेख किया गया था।
कर्मचारियों ने सुरक्षा की पुख्ता व्यवस्था की मांग की थी और स्वतंत्रता दिवस समारोहों से छूट की अपील की थी। इसके अलावा, उन्होंने 25 अगस्त तक ऑफिस आने से छूट देने की भी मांग की। इस बीच, सोशल मीडिया पर कश्मीरी पंडितों के खिलाफ धमकी भरे बयान भी सामने आए हैं।
कश्मीर फाइट नामक डिजिटल प्लेटफॉर्म पर कश्मीरी पंडितों के खिलाफ हिंसा भड़काने वाले बयान पोस्ट किए गए हैं। हालांकि, जम्मू-कश्मीर पुलिस ने इस वायरल बयान की पुष्टि नहीं की है और इसकी जांच की जा रही है। यह प्लेटफॉर्म आतंकवादी संगठनों द्वारा डर का माहौल बनाने के लिए इस्तेमाल किया जाता है।















