Death Due to Police Beating in Shahjahanpur: स्वजनों ने शव रखकर किया प्रदर्शन

शाहजहांपुर में एक दुखद घटना सामने आई है, जहां सोलर प्लेट चोरी के आरोप में पुलिस द्वारा पिटाई के बाद एक बाइक मिस्त्री उमेश वर्मा की मौत हो गई। स्वजनों ने उमेश का
शाहजहांपुर में एक दुखद घटना सामने आई है, जहां सोलर प्लेट चोरी के आरोप में पुलिस द्वारा पिटाई के बाद एक बाइक मिस्त्री उमेश वर्मा की मौत हो गई। स्वजनों ने उमेश का शव तिलहर-निगोही मार्ग पर रखकर प्रदर्शन किया और पुलिसकर्मियों के खिलाफ कार्रवाई की मांग की। इस मामले में गांव के राममूर्ति और उनके चार बेटों के खिलाफ हत्या का मुकदमा दर्ज किया गया है। उमेश वर्मा नवियापुर सतनुआ गांव के निवासी थे और डडिया बाजार में बाइक मिस्त्री के रूप में काम करते थे। उनके बड़े भाई सर्वेश ने बताया कि 2 अगस्त को राममूर्ति ने उमेश पर सोलर प्लेट चोरी का झूठा आरोप लगाया था, जिसके बाद पुलिस ने उन्हें पूछताछ के लिए चौकी पर बुलाया। उमेश ने आरोपों से बचने के लिए या तो चोरी की गई सामग्री लौटाने या पैसे देने की बात कही थी, जिसके बाद उन्हें छोड़ दिया गया था।
हालांकि, बुधवार रात को उमेश का शव गांव के पास एक पेड़ से लटका हुआ मिला। पोस्टमार्टम के बाद स्वजन ने शव को घर लाने में देरी की, जिसके कारण उनकी अंत्येष्टि नहीं हो सकी। शुक्रवार सुबह स्वजन ने तिलहर-निगोही मार्ग पर जाम लगा दिया। उनका आरोप है कि पुलिसकर्मियों ने पूछताछ के दौरान उमेश के साथ मारपीट की थी, जिससे वह मानसिक रूप से आहत होकर आत्महत्या करने के लिए मजबूर हो गए। स्वजन की मांग है कि पुलिसकर्मियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाए।
इस मामले में एएसपी ग्रामीण दिक्षा भंवरे और सीओ विदुश सक्सेना ने प्रदर्शनकारियों को समझाने का प्रयास किया, लेकिन स्वजन बिना कार्रवाई के जाम खोलने को तैयार नहीं हुए। विधायक सलोना कुशवाहा भी मौके पर पहुंचकर लोगों को समझाने का प्रयास कर रही हैं। यह मामला न केवल स्थानीय पुलिस की कार्यप्रणाली पर सवाल उठाता है, बल्कि यह भी दर्शाता है कि किस प्रकार से पुलिस की कार्रवाई के कारण आम नागरिकों के जीवन में संकट उत्पन्न हो सकता है। स्वजनों की मांग है कि इस मामले की निष्पक्ष जांच की जाए और दोषियों को सजा दी जाए।
















