Political Criticism: गिरिराज सिंह ने राहुल गांधी और महबूबा मुफ्ती पर साधा निशाना

डिजिटल डेस्क, पटना। भारतीय जनता पार्टी के वरिष्ठ नेता और केंद्रीय मंत्री गिरिराज सिंह ने बुधवार को संसद परिसर में विपक्ष के नेता राहुल गांधी पर तीखा हमला किया।
डिजिटल डेस्क, पटना। भारतीय जनता पार्टी के वरिष्ठ नेता और केंद्रीय मंत्री गिरिराज सिंह ने बुधवार को संसद परिसर में विपक्ष के नेता राहुल गांधी पर तीखा हमला किया। उन्होंने कहा कि देश ने कई प्रभावशाली विपक्ष के नेताओं को देखा है, लेकिन राहुल गांधी जैसा दुर्भाग्यपूर्ण नेता कभी नहीं होना चाहिए। गिरिराज सिंह ने संसद में चल रहे गतिरोध को लेकर विपक्ष पर गंभीर आरोप लगाए और कहा कि कुछ सांसदों को सदन की कार्यवाही और लोकतांत्रिक जिम्मेदारियों की चिंता नहीं है। उन्होंने यह भी कहा कि ऐसे सांसदों के खिलाफ कार्रवाई होनी चाहिए जो केवल उपस्थिति दर्ज कराने के लिए सदन में आते हैं और फिर व्यवधान पैदा करते हैं। गिरिराज सिंह ने राहुल गांधी के छात्र आंदोलन को लेकर दिए गए बयानों पर भी प्रतिक्रिया दी। उन्होंने कहा कि राहुल गांधी को पहले खुद का मूल्यांकन करना चाहिए, इसके बाद ही दूसरों को सलाह देने का अधिकार है।
महबूबा मुफ्ती पर टिप्पणी करते हुए गिरिराज सिंह ने गंभीर आरोप लगाए। उन्होंने कहा कि महबूबा मुफ्ती लंबे समय तक आतंकवादियों के समर्थन में रही हैं। गिरिराज सिंह ने यह भी दावा किया कि भाजपा ने उनके साथ मिलकर हालात सुधारने का प्रयास किया, लेकिन इसमें सफलता नहीं मिली। उन्होंने 5 अगस्त को एक महत्वपूर्ण दिन बताया और कहा कि यह दिन भारतीय इतिहास में स्वतंत्रता दिवस और गणतंत्र दिवस की तरह महत्वपूर्ण है। गिरिराज सिंह ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और गृह मंत्री अमित शाह की सराहना की, जिन्होंने सरदार पटेल के सपनों को पूरा करने की दिशा में कार्य किया है।
गिरिराज सिंह का यह बयान ऐसे समय में आया है जब संसद में लगातार हंगामे और कार्यवाही बाधित होने की घटनाएं बढ़ रही हैं। उन्होंने विपक्ष के नेताओं को चेतावनी दी कि उन्हें सदन की गरिमा बनाए रखने की आवश्यकता है। गिरिराज सिंह ने कहा कि सांसदों को अपनी जिम्मेदारियों का एहसास होना चाहिए और उन्हें सदन में सकारात्मक योगदान देना चाहिए। उन्होंने यह भी कहा कि यदि सांसद केवल उपस्थिति दर्ज कराने के लिए आते हैं और फिर व्यवधान पैदा करते हैं, तो ऐसे सांसदों के खिलाफ सख्त कार्रवाई होनी चाहिए। इस प्रकार के बयानों से यह स्पष्ट होता है कि गिरिराज सिंह विपक्ष के नेताओं के प्रति कितने सख्त हैं और वे संसद की कार्यवाही को सुचारू रखने के लिए कितने गंभीर हैं।
















