Housing scheme in Jammu and Kashmir: पीएम आवास योजना से हजारों परिवारों को मिली राहत, 45982 मकान हुए मंजूर

जम्मू-कश्मीर में प्रधानमंत्री आवास योजना-शहरी 2.0 के तहत अब तक 45,982 घरों के निर्माण की मंजूरी दी गई है। इस योजना के अंतर्गत 336 आवासीय इकाइयों को किफायती किरा
जम्मू-कश्मीर में प्रधानमंत्री आवास योजना-शहरी 2.0 के तहत अब तक 45,982 घरों के निर्माण की मंजूरी दी गई है। इस योजना के अंतर्गत 336 आवासीय इकाइयों को किफायती किराया आवास परिसरों में परिवर्तित किया गया है, जिससे राज्य के नागरिकों को आवास की सुविधा उपलब्ध कराने में मदद मिलेगी। इस योजना का उद्देश्य विशेष रूप से प्रवासी श्रमिकों और अन्य पात्र लाभार्थियों के लिए नए किरायेदार आवास विकसित करना है। आवास एवं शहरी कार्य राज्यमंत्री टोखन साहू ने बुधवार को राज्यसभा में जानकारी दी कि इस योजना के तहत आवास की स्वीकृति और निर्माण की प्रक्रिया तेजी से चल रही है। उन्होंने बताया कि केंद्र सरकार ने जम्मू-कश्मीर के लिए स्वीकृत मकानों की संख्या और आवास संतृप्ति की प्रगति के बारे में भी जानकारी दी। इसके अलावा, सांबा और बाड़ी ब्राह्मणा जैसे औद्योगिक क्षेत्रों में किफायती किराया आवास परिसरों की व्यवस्था को लेकर भी कदम उठाए जा रहे हैं।
राज्यसभा सदस्य सत शर्मा ने केंद्र सरकार से जम्मू-कश्मीर में आवास की स्थिति और ब्याज सब्सिडी योजना को सरल बनाने के संबंध में जानकारी मांगी थी। सरकार ने स्पष्ट किया है कि आर्थिक रूप से कमजोर वर्ग, निम्न आय वर्ग और मध्यम आय वर्ग के पात्र परिवार पीएम योजना-शहरी 2.0 पोर्टल के माध्यम से घर खरीदने या निर्माण के लिए ब्याज सब्सिडी का लाभ उठा सकते हैं। इस योजना के तहत स्वीकृत तैयार या निर्माणाधीन फ्लैट खरीदने के लिए भूमि का स्वामित्व अनिवार्य नहीं है, जिससे अधिक से अधिक लोग इस योजना का लाभ उठा सकेंगे। यह पहल जम्मू-कश्मीर के नागरिकों के लिए एक महत्वपूर्ण अवसर प्रदान करती है, जिससे वे अपने घर का सपना साकार कर सकेंगे।
सत शर्मा ने कहा कि इन पहलों से जम्मू-कश्मीर के हजारों परिवारों को अपने घर हासिल करने में मदद मिलेगी और इससे केंद्र शासित प्रदेश में शहरी आवास ढांचे को और मजबूती मिलेगी। यह योजना न केवल आवास की समस्या को हल करने में सहायक होगी, बल्कि आर्थिक विकास में भी योगदान देगी। राज्य में आवास की कमी को दूर करने के लिए यह एक महत्वपूर्ण कदम है, जिससे लोगों को सुरक्षित और सस्ते आवास की सुविधा मिलेगी। इस योजना के तहत आवास की स्वीकृति और निर्माण की प्रक्रिया से यह स्पष्ट होता है कि केंद्र सरकार जम्मू-कश्मीर के विकास के प्रति गंभीर है और इस दिशा में ठोस कदम उठा रही है।
















