Life Imprisonment in Gorakhpur: पिता समेत तीन सगे भाइयों को आजीवन कारावास

गोरखपुर से विधि संवाददाता की रिपोर्ट के अनुसार, हत्या के मामले में सिद्ध पाए जाने के बाद अपर सत्र न्यायाधीश अनिल कुमार राना ने पिपराइच थाना क्षेत्र के बेला कांट
गोरखपुर से विधि संवाददाता की रिपोर्ट के अनुसार, हत्या के मामले में सिद्ध पाए जाने के बाद अपर सत्र न्यायाधीश अनिल कुमार राना ने पिपराइच थाना क्षेत्र के बेला कांटा निवासी अभियुक्त राजेंद्र पासवान और उसके तीन पुत्रों ओमप्रकाश उर्फ प्रकाश, मुरारी पासवान उर्फ मुराली और जितेंद्र पासवान को आजीवन कारावास की सजा सुनाई है। इसके साथ ही अदालत ने इन सभी पर 13 हजार पांच सौ रुपये का अर्थदंड भी लगाया है। इस मामले में अभियोजन पक्ष की ओर से सहायक जिला शासकीय अधिवक्ता श्रद्धानंद पांडेय और रविन्द्र सिंह ने अपना पक्ष रखा। उन्होंने अदालत में बताया कि वादी विश्वजीत पासवान भी बेला कांटा का निवासी है और 29 जून 2016 को शाम करीब 6.40 बजे बेला कांटा चौराहे पर मौजूद था। उसी समय उसे अपनी भाभी रेनू पासवान का फोन आया, जिसमें उसने बताया कि उसके पिता राधेश्याम पासवान को उसके पड़ोसी राजेंद्र और उसके बेटे प्रकाश, मुराली और जितेंद्र जमीनी विवाद को लेकर पीट रहे हैं।
जब वादी घर पहुंचा, तो उसने देखा कि उसके पिता छत पर लहूलुहान पड़े हैं। उसने अपने पिता को उठाने की कोशिश की, लेकिन अभियुक्तों ने उसे भी गाली देते हुए लात, मुक्का और घूसे से बुरी तरह मारा। अभियुक्तों ने वादी को जान से मारने की नीयत से कुदाल लेकर दौड़ा लिया। वादी किसी तरह वहां से भागकर अपनी जान बचाने में सफल रहा। गांव के लोगों ने उसकी मदद की और वादी के पिता को उपचार के लिए अस्पताल भेजा। लेकिन, रास्ते में ही मेडिकल कॉलेज जाते समय वादी के पिता राधेश्याम की मृत्यु हो गई। इस मामले में न्यायाधीश ने पत्रावली पर उपलब्ध सभी साक्ष्यों के आधार पर यह निर्णय सुनाया।
















