Sports Achievements in Bihar: खेल के हर मैदान में बिहार का डंका, अतंराष्ट्रीय मंचों में बढ़ा रहे भारत का मान

जागरण संवाददाता, पटना। खेल के क्षेत्र में बिहार अब किसी पहचान का मोहताज नहीं रह गया है। राज्य के खिलाड़ियों ने अपने जज्बे और मेहनत से अंतरराष्ट्रीय स्तर पर अपनी
जागरण संवाददाता, पटना। खेल के क्षेत्र में बिहार अब किसी पहचान का मोहताज नहीं रह गया है। राज्य के खिलाड़ियों ने अपने जज्बे और मेहनत से अंतरराष्ट्रीय स्तर पर अपनी प्रतिभा का लोहा मनवाया है, जिससे देश की झोली पदकों से भर रही है। वैभव सूर्यवंशी, इशान किशन, मुकेश कुमार और आकाशदीप जैसे खिलाड़ी विश्व क्रिकेट में बिहार का नाम रोशन कर रहे हैं। फटे जूते पहनकर दौड़ने वाले एथलीट पीयूष से लेकर बीएमपी के मैदान पर हॉकी स्टिक थामने वाले अजितेश राय ने अंतरराष्ट्रीय स्तर पर तिरंगा लहराया है। एथलेटिक्स, रग्बी, हॉकी, शतरंज और सेपक टाकरा जैसे खेलों में राज्य की प्रतिभाओं ने न केवल देश का प्रतिनिधित्व किया, बल्कि एशियाई और राष्ट्रमंडल प्रतियोगिताओं में पदक जीतकर एक नया इतिहास भी रचा है। 2000 से 2026 तक के सफर पर नजर डालें, तो यह स्पष्ट होता है कि बिहार के खिलाड़ी परिश्रम और चुनौतियों का सामना करते हुए सफलता की नई ऊंचाइयों को छू रहे हैं।
राष्ट्रीय खेल हॉकी में पटना के अजितेश राय राज्य के सबसे सफल खिलाड़ियों में से एक रहे हैं। उन्होंने 2001 में एयरपोर्ट स्थित बीएमपी परिसर से अपने करियर की शुरुआत की और 2005 में भारत के लिए पदार्पण किया। सीनियर स्तर पर 100 से अधिक मैच खेलने वाले इस मिडफील्डर ने भारतीय टीम की कप्तानी भी की। उनके अनुकरणीय करियर से प्रेरित होकर बीएमपी में अभ्यास करने वाले रौशन कुमार और मो. रियाजुद्दीन ने भी जूनियर इंडिया खेला। दानापुर के डुंगडुंग स्टेडियम और आरके राय हॉकी अकादमी में पसीना बहाने वाले सावन कुमार ने अंडर-18 एशिया कप की स्वर्ण पदक विजेता टीम में स्थान बनाया। सावन ने हाल ही में अंडर-18 यूथ हॉकी एशिया कप में सर्वश्रेष्ठ गोलकीपर और फाइनल के सर्वश्रेष्ठ खिलाड़ी का खिताब भी जीता।
















