World Bank Alert: वर्ल्ड बैंक ने चेताया, अमीर देशों के लिए AI ज्यादा संकट, भारत के लिए अच्छी खबर

दुनियाभर में आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (ai) के प्रभाव पर चर्चा तेज हो गई है, खासकर जब बात नौकरियों के खतरे की आती है। हाल ही में वर्ल्ड बैंक ने अपनी वर्ल्ड डेवलपमे
दुनियाभर में आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) के प्रभाव पर चर्चा तेज हो गई है, खासकर जब बात नौकरियों के खतरे की आती है। हाल ही में वर्ल्ड बैंक ने अपनी वर्ल्ड डेवलपमेंट रिपोर्ट 2026 में भारत जैसे विकासशील देशों के लिए एक सकारात्मक दृष्टिकोण प्रस्तुत किया है। रिपोर्ट के अनुसार, यदि विकासशील देश सही नीतियों और तैयारी के साथ AI को अपनाते हैं, तो वे अपनी आर्थिक और सामाजिक प्रगति की गति को तेज कर सकते हैं। वर्ल्ड बैंक का मानना है कि अगर ये देश तेजी से कदम उठाते हैं, तो वे एक सदी में हासिल किए जाने वाले लक्ष्यों को केवल एक दशक में प्राप्त कर सकते हैं, जो कि एक आशाजनक संकेत है।
रिपोर्ट में यह भी बताया गया है कि अमीर देशों की तुलना में भारत जैसे लो और मिडिल-इनकम देशों में AI के कारण नौकरियों के ऑटोमेशन का खतरा काफी कम है। वर्ल्ड बैंक के आंकड़ों के अनुसार, उच्च आय वाले देशों में लगभग 14.2 प्रतिशत नौकरियां ऑटोमेशन के खतरे में हैं, जबकि विकासशील देशों में यह आंकड़ा केवल 4.5 प्रतिशत है। इसके अलावा, AI 16.2 प्रतिशत नौकरियों में उत्पादकता बढ़ाने में मदद कर सकता है, जबकि अमीर देशों में यह आंकड़ा 18.7 प्रतिशत है। रिपोर्ट के निष्कर्ष बताते हैं कि विकासशील देशों में AI का बड़ा लाभ कर्मचारियों को हटाने के बजाय उनकी क्षमता और उत्पादकता को बढ़ाने में है।

















