Investigation Committee Extension: शिक्षक नियुक्ति मामले में जांच कमेटी को झारखंड हाई कोर्ट से मिला तीन माह का अवधि विस्तार

झारखंड हाई कोर्ट ने प्रशिक्षित शिक्षक नियुक्ति मामले की जांच कर रही वन मैन फैक्ट फाइंडिंग कमेटी को तीन माह का अतिरिक्त समय देने का निर्णय लिया है। यह सुनवाई जस्
झारखंड हाई कोर्ट ने प्रशिक्षित शिक्षक नियुक्ति मामले की जांच कर रही वन मैन फैक्ट फाइंडिंग कमेटी को तीन माह का अतिरिक्त समय देने का निर्णय लिया है। यह सुनवाई जस्टिस दीपक रोशन की अदालत में गुरुवार को हुई, जहां कमेटी की कार्यप्रणाली और रिपोर्ट सौंपने की समय सीमा पर चर्चा की गई। अदालत ने कमेटी के अध्यक्ष, सेवानिवृत्त जस्टिस गौतम कुमार चौधरी के कार्यकाल को भी तीन माह के लिए बढ़ाने का आदेश दिया है। यह निर्णय मीना कुमारी एवं अन्य द्वारा दाखिल की गई 257 याचिकाओं से संबंधित मामले की जांच के संदर्भ में लिया गया है। सुनवाई के दौरान अधिवक्ता चंचल जैन ने अदालत को बताया कि कमेटी को रिपोर्ट प्रस्तुत करने के लिए दी गई समय सीमा दो अगस्त को समाप्त हो गई थी, लेकिन सुनवाई अभी जारी है। इस कारण से उन्होंने अदालत से अनुरोध किया कि कमेटी को और समय दिया जाए ताकि वे अपनी जांच पूरी कर सकें। अदालत ने अधिवक्ता के तर्कों को सुनने के बाद कमेटी के आग्रह को स्वीकार करते हुए उन्हें अतिरिक्त समय देने का निर्णय लिया।
इस निर्णय के बाद अब वन मैन फैक्ट फाइंडिंग कमेटी को इस अतिरिक्त तीन माह की अवधि के भीतर अपनी जांच पूरी कर रिपोर्ट को हाई कोर्ट के समक्ष प्रस्तुत करना होगा। यह मामला राज्य स्तरीय मेरिट में तथ्यों की जांच के लिए गठित की गई कमेटी से संबंधित है, जिसे हाई कोर्ट ने निर्देशित किया था। सेवानिवृत्त जस्टिस गौतम कुमार चौधरी को इस कमेटी का अध्यक्ष नियुक्त किया गया है, और उन्हें पहले ही तीन माह के भीतर अपनी रिपोर्ट प्रस्तुत करने का आदेश दिया गया था। अब यह देखना होगा कि कमेटी इस नए समय सीमा के भीतर अपनी जांच को कैसे पूरा करती है और क्या वे सभी आवश्यक तथ्यों को एकत्रित कर पाते हैं।


















