UGC NET 2026: रिजल्ट में देरी से लाखों छात्रों की चिंताएं बढ़ीं, छात्र संगठनों ने खोला मोर्चा

नेशनल टेस्टिंग एजेंसी (nta) द्वारा यूजीसी नेट (ugc net) जून 2026 की प्रोविजनल आंसर की और रिजल्ट की घोषणा में देरी ने लाखों छात्रों को चिंतित कर दिया है। परीक्षा
नेशनल टेस्टिंग एजेंसी (NTA) द्वारा यूजीसी नेट (UGC NET) जून 2026 की प्रोविजनल आंसर की और रिजल्ट की घोषणा में देरी ने लाखों छात्रों को चिंतित कर दिया है। परीक्षा खत्म हुए एक महीने से अधिक का समय बीत चुका है, लेकिन अब तक कोई जानकारी नहीं आई है। इस परीक्षा का संबंध पीएचडी (PhD) की सीट और जूनियर रिसर्च फेलोशिप (JRF) के वजीफे से है, जिससे छात्रों का भविष्य जुड़ा हुआ है। ऐसे में छात्र संगठनों ने यूजीसी के पास जाकर इस मुद्दे पर दखल देने की मांग की है।
22 जून से 30 जून 2026 के बीच आयोजित की गई यूजीसी नेट परीक्षा के बाद आमतौर पर प्रोविजनल आंसर की एक या दो हफ्ते के भीतर जारी कर दी जाती थी। लेकिन इस बार स्थिति अलग है। न तो आंसर की जारी हुई है और न ही आगे की प्रक्रिया के लिए एनटीए ने कोई टाइमलाइन बताई है। छात्रों का कहना है कि इस देरी ने उनके मानसिक स्वास्थ्य पर नकारात्मक प्रभाव डाला है।
जब छात्र निराश हो गए, तो जवाहरलाल नेहरू यूनिवर्सिटी स्टूडेंट्स यूनियन (JNUSU) ने यूजीसी और एनटीए को चिट्ठी लिखकर तुरंत प्रोविजनल आंसर की और रिजल्ट जारी करने की मांग की। जेएनयूएसयू का कहना है कि इस लंबे इंतजार ने उन छात्रों की मेहनत पर पानी फेर दिया है, जो पीएचडी में एडमिशन और फेलोशिप के लिए तैयारी कर रहे थे।
अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद (ABVP) ने भी इस मुद्दे पर अपनी आवाज उठाई है। उन्होंने यूजीसी के सचिव श्यामा रथ को ज्ञापन सौंपकर इस मामले में हस्तक्षेप करने की गुजारिश की है। एबीवीपी ने यह भी कहा है कि देरी के कारणों का सार्वजनिक खुलासा होना चाहिए। लाखों छात्रों की योजनाएं इस अनिश्चितता के कारण प्रभावित हो रही हैं।

















