Court Acquits Two in Nainital: होटल कर्मचारी की करंट से मौत के मामले में दो आरोपी बरी

नैनीताल जिले में एक महत्वपूर्ण न्यायिक निर्णय सुनाया गया है, जिसमें अपर मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट (एसीजेएम) रवि रंजन ने भवाली के जॉर्ज होटल के पास होटल कर्मचारी
नैनीताल जिले में एक महत्वपूर्ण न्यायिक निर्णय सुनाया गया है, जिसमें अपर मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट (एसीजेएम) रवि रंजन ने भवाली के जॉर्ज होटल के पास होटल कर्मचारी रोहित पांडे की मौत के मामले में दोनों आरोपियों ध्रुव मुदगिल और मोहम्मद आसिफ खान को साक्ष्यों के अभाव में बरी कर दिया है। यह मामला 22 सितंबर 2025 की रात का है, जब रोहित पांडे पेड़ पर लाइट और फ्लेक्स लगाने के लिए बिजली का तार डाल रहा था। इस दौरान वह हाईटेंशन लाइन की चपेट में आ गया और पेड़ से गिरने के कारण उसके सिर में गंभीर चोट आई, जिसके चलते उसकी मृत्यु हो गई। रोहित की मृत्यु के बाद उसके पिता जीवन चंद्र पांडे ने भवाली थाने में एफआईआर दर्ज कराई थी, जिसमें आरोप लगाया गया था कि होटल के लीज होल्डर ध्रुव मुदगिल और मोहम्मद आसिफ खान ने रोहित को जबरन पेड़ पर चढ़ने के लिए मजबूर किया था। शिकायत में यह भी कहा गया था कि मना करने पर उसे नौकरी से निकालने की धमकी दी गई थी।
पुलिस ने मामले की जांच के बाद दोनों आरोपियों के खिलाफ धारा 106 के तहत आरोप पत्र दाखिल किया। सुनवाई के दौरान अभियोजन पक्ष आरोपों को संदेह से परे साबित करने में असफल रहा। मृतक के पिता जीवन चंद्र पांडे और अन्य परिजनों ने अदालत में स्वीकार किया कि उन्होंने घटना को प्रत्यक्ष रूप से नहीं देखा था। पिता ने यह भी बताया कि घटना के दिन ध्रुव मुदगिल दिल्ली में था, जो इस मामले में एक महत्वपूर्ण तथ्य है। अदालत ने अपने फैसले में कहा कि अभियोजन पक्ष उपलब्ध साक्ष्यों के आधार पर यह साबित करने में विफल रहा कि आरोपियों ने रोहित पांडे को जबरन पेड़ पर चढ़ाया था या उनकी किसी उपेक्षा अथवा लापरवाही के कारण उसकी मृत्यु हुई। इस निर्णय ने न केवल आरोपियों को राहत दी है, बल्कि यह भी दर्शाता है कि न्यायालय में साक्ष्यों की प्रामाणिकता और उनकी मजबूती कितनी महत्वपूर्ण होती है।
















