Flood Situation in Farrukhabad: फर्रुखाबाद में बाढ़ से 50 से अधिक गांव प्रभावित

फर्रुखाबाद जिले में बाढ़ की स्थिति गंभीर होती जा रही है, जहां समैचीपुर चितार के 10 से अधिक ग्रामीण पॉलीथिन तान कर जीवन यापन करने को मजबूर हैं। ढाई घाट की गंगा क
फर्रुखाबाद जिले में बाढ़ की स्थिति गंभीर होती जा रही है, जहां समैचीपुर चितार के 10 से अधिक ग्रामीण पॉलीथिन तान कर जीवन यापन करने को मजबूर हैं। ढाई घाट की गंगा कटरी क्षेत्र में 20 से ज्यादा गांव बाढ़ की चपेट में आ चुके हैं, जिसके कारण कई गांवों के रास्ते बंद हो गए हैं। शमसाबाद-शाहजहांपुर मार्ग पर ढाई घाट पुल के पार सड़क पर रहने वाले समैचीपुर चितान के 10 से अधिक परिवारों ने प्रशासन के द्वारा बाढ़ शरणालय में जाने के सुझाव को ठुकरा दिया है। वर्तमान में बाढ़ से प्रभावित 4,855 परिवारों में से कई लोग शरणालयों में पहुंच रहे हैं। जनपद में 50 से अधिक गांव बाढ़ से प्रभावित हो चुके हैं, जिसके चलते 40 विद्यालय भी बंद कर दिए गए हैं। प्रशासन का दावा है कि तहसील सदर के 9, कायमगंज के 12 और अमृतपुर के 12 गांव बाढ़ से प्रभावित हैं। इस प्रकार कुल 33 गांवों में बाढ़ का असर देखने को मिल रहा है, जिसमें 23,367 की आबादी और 4,855 परिवार शामिल हैं।
बाढ़ से प्रभावित लोगों की सहायता के लिए जनपद में 24 अस्थायी बाढ़ शरणालय स्थापित किए गए हैं। मंडी समिति रामसवाईद और रहमानिया गर्ल्स इंटर कॉलेज में संचालित शरणालयों में अब तक 240 लोगों को सुरक्षित ठहराया गया है। प्रशासन ने उनके भोजन और अन्य आवश्यक सुविधाओं की व्यवस्था की है। इसके साथ ही, 52 अस्थायी बाढ़ चौकियां भी बनाई गई हैं। राहत और बचाव कार्यों के लिए तहसील सदर, कायमगंज और अमृतपुर के प्रभावित क्षेत्रों में कुल 50 नावें और 5 मोटरबोट तैनात की गई हैं। इसके अलावा, एक एनडीआरएफ टीम और एक पीएसी फ्लड यूनिट आवश्यक उपकरणों के साथ तैनात की गई है। आवश्यकता पड़ने पर 53 स्वयंसेवी गोताखोरों की सेवाएं भी ली जा रही हैं।















