Action by Purnia IG: स्मैक और शराब तस्करों से साठगांठ में जोगबनी और श्रीनगर SHO नपे; दो अन्य थानेदार लाइन हाजिर

पूर्णिया जिले में मादक पदार्थों और शराब तस्करों से सांठ-गांठ रखने के मामले में पुलिस विभाग में बड़ा एक्शन देखने को मिला है। पुलिस महानिरीक्षक विवेकानंद ने इस मा
पूर्णिया जिले में मादक पदार्थों और शराब तस्करों से सांठ-गांठ रखने के मामले में पुलिस विभाग में बड़ा एक्शन देखने को मिला है। पुलिस महानिरीक्षक विवेकानंद ने इस मामले में कड़ा रुख अपनाते हुए चार थाना प्रभारियों को निलंबित करने और लाइन हाजिर करने का आदेश दिया है। जोगबनी थानाध्यक्ष महादेव कामत को तत्काल प्रभाव से निलंबित किया गया है, जबकि श्रीनगर थानाध्यक्ष अमर कुमार को भी शराब तस्करों से साठगांठ के आरोप में लाइन हाजिर किया गया है। इसके साथ ही, मदनपुर और बरदाहा के थानाध्यक्षों को तकनीकी ज्ञान और CCTNS दक्षता के अभाव में पद से हटा दिया गया है। इस कार्रवाई के पीछे अररिया एसपी की रिपोर्ट है, जिसमें जोगबनी के पूर्व थानाध्यक्ष महादेव कामत पर गंभीर आरोप लगाए गए हैं। उन्हें स्मैक, गांजा और कोडीन तस्करों से सांठ-गांठ कर अवैध उगाही करने का दोषी पाया गया है। इसके अलावा, उन्होंने एक गिरफ्तार अभियुक्त के अपराध स्वीकारोक्ति बयान को केस डायरी में दर्ज नहीं किया, जिससे यह स्पष्ट होता है कि वे अपने पूर्ववर्ती थानाध्यक्ष के बचाव में थे। इस मामले में आईजी विवेकानंद ने अनुशासनहीनता और पुलिस की छवि को धूमिल करने के आरोप में उन्हें निलंबित किया है।
इस कार्रवाई के दौरान, आईजी विवेकानंद ने कसबा थाने का औचक निरीक्षण भी किया, जहां उन्हें पाकेट डिस्पोजल मामले में गंभीर लापरवाही का पता चला। थाने द्वारा 25 मामलों का निष्पादन कागजों पर दिखाया गया था, लेकिन उनकी चार्जशीट अदालत तक नहीं पहुंची थी। इस पर आईजी ने सभी मामलों की दोबारा चार्जशीट कोर्ट भेजने का आदेश दिया है। इसके साथ ही, उन्होंने बीते 6 महीनों में आए 1500 आम जनता के आवेदनों पर FIR दर्ज न करने पर भी कड़ी फटकार लगाई और सुधार के निर्देश दिए। इस प्रकार, पूर्णिया पुलिस विभाग में यह कार्रवाई एक महत्वपूर्ण कदम है, जो यह दर्शाता है कि पुलिस प्रशासन अब मादक पदार्थों और शराब तस्करों के खिलाफ सख्त कार्रवाई करने के लिए प्रतिबद्ध है।
















