Drone Attacks in Ukraine: पुतिन ने यूक्रेन में बरसाई मौत, 1900 ड्रोन और 1600 बम

यूक्रेन के राष्ट्रपति वलोदिमिर जेलेंस्की ने हाल ही में यह जानकारी दी है कि रूस ने केवल एक सप्ताह के भीतर 16 यूक्रेनी क्षेत्रों पर बड़े पैमाने पर हवाई हमले किए ह
यूक्रेन के राष्ट्रपति वलोदिमिर जेलेंस्की ने हाल ही में यह जानकारी दी है कि रूस ने केवल एक सप्ताह के भीतर 16 यूक्रेनी क्षेत्रों पर बड़े पैमाने पर हवाई हमले किए हैं। इन हमलों में लगभग 1900 ड्रोन, 1600 हवाई बम और 144 विभिन्न प्रकार की मिसाइलें शामिल थीं, जिनमें बैलिस्टिक मिसाइलें भी शामिल हैं। इन हमलों के परिणामस्वरूप 1500 से अधिक स्थानों को क्षति पहुंची है, जिसमें सैकड़ों आवासीय इमारतें भी शामिल हैं। सुमी, ब्रोवरी, खारकीव, ओडेसा, जापोरिज्ज्या और द्निप्रो जैसे शहरों पर विशेष रूप से हमले किए गए हैं। ल्वीव से प्राप्त हवाई फुटेज में एक पूरी तरह से क्षतिग्रस्त अपार्टमेंट कॉम्प्लेक्स दिखाई दे रहा है, जहां आपातकालीन दल मलबे के बीच काम कर रहे हैं। ब्रोवरी में एक ड्रोन हमले में एक व्यक्ति की मौत हो गई और छह लोग घायल हुए। खारकीव क्षेत्र लगातार हमलों का शिकार हो रहा है, जो इस बात का संकेत है कि रूस अपनी हमलावर क्षमता को बढ़ा रहा है और नागरिक क्षेत्रों को निशाना बना रहा है। जेलेंस्की ने इन हमलों को यूक्रेनी लोगों के खिलाफ आतंक की रणनीति करार दिया है। इन हमलों का प्रभाव न केवल सैन्य लक्ष्यों पर पड़ा है, बल्कि आम नागरिकों के घरों, स्कूलों और बुनियादी ढांचे पर भी गंभीर असर हुआ है। रात भर ओडेसा, जापोरिज्ज्या और द्निप्रो क्षेत्रों पर हमले किए गए। सुमी पर बम गिराए गए, जिससे सैकड़ों आवासीय इमारतें क्षतिग्रस्त हो गईं और हजारों परिवार बेघर हो गए। आपातकालीन सेवाएं लगातार मलबे में फंसे लोगों को निकालने और आग बुझाने का कार्य कर रही हैं। यूक्रेन की वायु रक्षा प्रणालियां ज्यादातर ड्रोन को रोकने में सफल रही हैं, लेकिन बैलिस्टिक मिसाइलों के खिलाफ सुरक्षा कमजोर साबित हो रही है। ये मिसाइलें तेज गति से आती हैं और उन्हें रोकना मुश्किल होता है। इसके परिणामस्वरूप नागरिक इलाकों में भारी नुकसान हो रहा है। युद्ध के लंबे समय तक चलने के कारण यूक्रेन के शहरों में बिजली, पानी और संचार व्यवस्था बाधित हो रही है, जिससे आम लोगों का जीवन और कठिन हो गया है।
जेलेंस्की ने स्पष्ट रूप से कहा है कि रूस के रक्षा उद्योग पर कड़े प्रतिबंध लगाने की आवश्यकता है। कई रूसी कंपनियां ड्रोन, मिसाइल और गाइडेड बमों के पुर्जे बना रही हैं, लेकिन अब भी उन पर पूर्ण प्रतिबंध नहीं लगे हैं। रूस अपनी बैलिस्टिक हथियार उत्पादन क्षमता को बढ़ा रहा है। जेलेंस्की ने पश्चिमी सहयोगियों से तेजी से एयर डिफेंस सिस्टम और एंटी-बैलिस्टिक मिसाइलें भेजने की अपील की है। उन्होंने चेतावनी दी है कि ये मिसाइलें गोदामों में धूल फांकने के बजाय लोगों की रक्षा के लिए इस्तेमाल होनी चाहिए। यूक्रेन के विदेश मंत्रालय ने भी इसी मांग को दोहराया है और कहा है कि ये कदम आवश्यक हैं क्योंकि रूस हथियार उत्पादन बढ़ा रहा है। सहयोगियों से निरंतर आपूर्ति सुनिश्चित करने के लिए द्विपक्षीय और बहुपक्षीय बातचीत चल रही है। रूस ड्रोन और मिसाइलों की बड़ी संख्या से यूक्रेन की एयर डिफेंस को ओवरलोड करने की कोशिश कर रहा है। यूक्रेन ज्यादातर ड्रोन को मार गिराने में सक्षम है, लेकिन बैलिस्टिक मिसाइलों के खिलाफ पर्याप्त इंटरसेप्टर नहीं हैं। इस कमी के कारण नागरिक क्षेत्रों में नुकसान बढ़ रहा है। दूसरी ओर, यूक्रेन भी रूस के अंदर गहरे हमले कर रहा है, लेकिन रूस की उत्पादन क्षमता उसे लगातार हमले जारी रखने की अनुमति दे रही है। प्रतिबंधों का विस्तार और प्रभावी लागू होना महत्वपूर्ण है, क्योंकि इससे रूस की हथियार आपूर्ति श्रृंखला प्रभावित हो सकती है।
















