Odisha Medical Exam Paper Leak: ओडिशा सरकार ने जांच के आदेश दिए, 72 घंटे में रिपोर्ट की उम्मीद

भुवनेश्वर से प्राप्त जानकारी के अनुसार, ओडिशा सरकार ने शुक्रवार को ओडिशा यूनिवर्सिटी ऑफ हेल्थ साइंसेज (ओयूएचएस) द्वारा आयोजित स्नातकोत्तर मेडिकल परीक्षा के प्रश
भुवनेश्वर से प्राप्त जानकारी के अनुसार, ओडिशा सरकार ने शुक्रवार को ओडिशा यूनिवर्सिटी ऑफ हेल्थ साइंसेज (ओयूएचएस) द्वारा आयोजित स्नातकोत्तर मेडिकल परीक्षा के प्रश्नपत्र लीक के मामले में जांच के आदेश दिए हैं। इस मामले की गंभीरता को देखते हुए, सरकार ने बरहमपुर स्थित एमकेसीजी मेडिकल कॉलेज एवं अस्पताल के वरिष्ठ संकाय सदस्यों की एक पांच सदस्यीय समिति का गठन किया है। इस समिति को 72 घंटे के भीतर अपनी रिपोर्ट प्रस्तुत करने का निर्देश दिया गया है। यह कदम उस समय उठाया गया जब पीजी मेडिकल परीक्षा के प्रश्नपत्र के परीक्षा शुरू होने से पहले या परीक्षा के दौरान व्हाट्सएप पर प्रसारित होने की जानकारी सामने आई। इससे परीक्षा की निष्पक्षता और विश्वसनीयता पर गंभीर प्रश्न उठने लगे हैं।
जांच समिति की रिपोर्ट से यह स्पष्ट होने की उम्मीद है कि प्रश्नपत्र लीक की घटना किन परिस्थितियों में हुई और इसके लिए कौन जिम्मेदार है। इस मामले में ओडिशा यूनिवर्सिटी ऑफ हेल्थ साइंसेज के कुलपति प्रो. मनास रंजन साहू ने कहा कि यह प्रश्नपत्र लीक का मामला नहीं, बल्कि कदाचार का है। उन्होंने स्पष्ट किया कि प्रश्नपत्र वितरित होने के बाद उसकी तस्वीर या जानकारी परीक्षा कक्ष से बाहर पहुंची, जो कि कदाचार का संकेत है। विश्वविद्यालय में ऐसे मामलों से निपटने के लिए सख्त दिशा-निर्देश हैं और इसके लिए डीन की सदस्यता वाली एक अनुशासनात्मक समिति भी गठित की गई है। यदि किसी प्रकार का कदाचार पाया जाता है, तो नियमों के अनुसार कार्रवाई की जाएगी।
प्रो. साहू ने बताया कि डीनों के साथ बैठक के दौरान उन्हें जानकारी मिली कि छात्रों को परीक्षा कक्ष में प्रवेश देने से पहले तलाशी ली गई थी। हालांकि, यह संभव है कि कोई छात्र मोबाइल फोन परीक्षा कक्ष के अंदर ले गया हो। इस मामले की जांच के लिए एक समिति भी गठित की गई है। रिपोर्ट मिलने के बाद सुरक्षा में हुई चूक का पता चलेगा। पूरी परीक्षा प्रक्रिया सीसीटीवी निगरानी में संपन्न हुई थी, और खामियों की पहचान होने के बाद भविष्य में और सख्त कदम उठाए जाएंगे। उल्लेखनीय है कि 27 जुलाई को एक विषय का पेपर सोशल मीडिया पर वायरल हुआ था, जिससे इस मामले की गंभीरता और बढ़ गई है।














