Salary Growth in Small Cities: छोटे शहरों में सैलरी में अचानक बढ़ोतरी का कारण क्या है?

आज के समय में, अच्छी नौकरी और सैलरी के लिए लोगों को अक्सर बड़े शहरों की ओर रुख करना पड़ता था, लेकिन अब छोटे शहरों में भी सैलरी में वृद्धि देखने को मिल रही है। ट
आज के समय में, अच्छी नौकरी और सैलरी के लिए लोगों को अक्सर बड़े शहरों की ओर रुख करना पड़ता था, लेकिन अब छोटे शहरों में भी सैलरी में वृद्धि देखने को मिल रही है। टीमलीज द्वारा जारी की गई जॉब्स एंड सैलरीज प्राइमर 2026-27 रिपोर्ट के अनुसार, टियर-2 शहरों में निवेश में वृद्धि, मैन्युफैक्चरिंग सेक्टर का विस्तार और नए औद्योगिक कॉरिडोर के विकास के कारण नौकरी के अवसर बेहतर हो रहे हैं। इस बदलाव के चलते, अब छोटे शहरों में भी अच्छी सैलरी मिल रही है, जो पहले केवल मेट्रो शहरों तक सीमित थी। रिपोर्ट में उल्लेख किया गया है कि अहमदाबाद, नागपुर, इंदौर, जयपुर और विशाखापत्तनम जैसे शहर अब सैलरी बढ़ोतरी के मामले में दिल्ली, मुंबई और बेंगलुरु जैसे बड़े शहरों को कड़ी टक्कर दे रहे हैं।
रिपोर्ट के अनुसार, वित्त वर्ष 2026-27 में कई टियर-2 शहरों में सैलरी बढ़ने की संभावना है। अहमदाबाद में सबसे ज्यादा 9.7 प्रतिशत सैलरी बढ़ने का अनुमान है, जबकि नागपुर, विशाखापत्तनम और इंदौर में 9.5 प्रतिशत और जयपुर में 9.3 प्रतिशत सैलरी बढ़ोतरी की उम्मीद है। इसके विपरीत, मेट्रो शहरों में बेंगलुरु में 9.4 प्रतिशत, दिल्ली में 9.2 प्रतिशत और मुंबई में 9.0 प्रतिशत सैलरी बढ़ने का अनुमान है। यह आंकड़े दर्शाते हैं कि छोटे शहरों में भी अब अच्छी सैलरी की संभावनाएं बढ़ रही हैं, जो पहले सिर्फ बड़े शहरों तक सीमित थीं।



















