Traffic Management in Kanpur: कानपुर में AI से सुधरेगी यातायात व्यवस्था, IIT मुंबई और चेन्नई अस्त्रम प्रोजेक्ट से दूर करेंगे शहर का जाम

कानपुर में यातायात व्यवस्था को सुधारने के लिए एआइ तकनीक का उपयोग किया जाएगा। आईआईटी मुंबई और आईआईटी चेन्नई के विशेषज्ञों ने मिलकर अस्त्रम (एक्शनेबल इंटेलिजेंस फ
कानपुर में यातायात व्यवस्था को सुधारने के लिए एआइ तकनीक का उपयोग किया जाएगा। आईआईटी मुंबई और आईआईटी चेन्नई के विशेषज्ञों ने मिलकर अस्त्रम (एक्शनेबल इंटेलिजेंस फार सस्टेनेबल ट्रैफिक मैनेजमेंट) नामक पायलट प्रोजेक्ट की शुरुआत की है। इस प्रोजेक्ट का उद्देश्य शहर में लंबे समय से चल रही जाम की समस्या को हल करना है। कानपुर पुलिस ने आर्केडिस प्रबंधन कंपनी के साथ मिलकर इस प्रोजेक्ट को लागू करने का निर्णय लिया है। शनिवार को पुलिस आयुक्त रघुबीर लाल की उपस्थिति में इस प्रोजेक्ट का प्रेजेंटेशन दिया गया, जिसमें बताया गया कि कैसे नागरिकों को यातायात व्यवस्था की जानकारी दी जाएगी। इसके तहत नागरिकों को यह जानकारी मिलेगी कि किस चौराहे पर जाम है, कब जुलूस या यात्रा निकलेगी, और किस सड़क पर खोदाई हो रही है। इस जानकारी के माध्यम से नागरिक सही समय पर अपने मार्ग का चयन कर सकेंगे, जिससे यातायात व्यवस्था में सुधार होगा।
विशेषज्ञों ने बताया कि वे एक सप्ताह तक शहर के प्रमुख जाम वाले चौराहों और मार्गों का निरीक्षण करेंगे। इसके साथ ही, वे वहां तैनात पुलिसकर्मियों से समस्याओं और सुझावों के बारे में जानकारी जुटाएंगे। वर्तमान में कानपुर की यातायात व्यवस्था कई समस्याओं का सामना कर रही है, जैसे शहरी ढांचा, अवैध पार्किंग और अतिक्रमण। शहर के कई प्रमुख चौराहों पर लोग प्रतिदिन जाम से जूझते हैं, जैसे कल्याणपुर क्रॉसिंग, झकरकटी पुल और घंटाघर। पुलिस और प्रशासन ने इस समस्या को हल करने के लिए कई प्रयास किए हैं, लेकिन अब तक सफलता नहीं मिल पाई है। अब पुलिस आयुक्त रघुबीर लाल ने अस्त्रम पायलट प्रोजेक्ट के माध्यम से यातायात को व्यवस्थित करने का प्रयास किया है।


















