Digital Health Model District: महेंद्रगढ़ बनेगा प्रदेश का पहला डिजिटल हेल्थ मॉडल जिला

महेंद्रगढ़ जिले में अब सरकारी अस्पतालों में ओपीडी पर्ची बनवाने के लिए लंबी कतारों और बार-बार नाम-पता लिखवाने की झंझट से जल्द छुटकारा मिलने वाला है। आयुष्मान भार
महेंद्रगढ़ जिले में अब सरकारी अस्पतालों में ओपीडी पर्ची बनवाने के लिए लंबी कतारों और बार-बार नाम-पता लिखवाने की झंझट से जल्द छुटकारा मिलने वाला है। आयुष्मान भारत डिजिटल मिशन के तहत, महेंद्रगढ़ को हरियाणा का पहला 100 प्रतिशत डिजिटल हेल्थ मॉडल जिला बनाने की प्रक्रिया शुरू हो चुकी है। इस पहल के तहत जिले के आठ स्वास्थ्य संस्थानों में डिजिटल स्वास्थ्य सेवाओं की शुरुआत की जा चुकी है, और अगले एक सप्ताह के भीतर सभी सरकारी स्वास्थ्य केंद्रों, अस्पतालों और मेडिकल कॉलेजों में यह व्यवस्था लागू करने का लक्ष्य रखा गया है। मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी और स्वास्थ्य मंत्री आरती सिंह राव के मार्गदर्शन में, तीन दिवसीय विशेष अभियान के दौरान सरकारी और निजी स्वास्थ्य संस्थानों को डिजिटल प्लेटफार्म से जोड़ने की प्रक्रिया को तेज किया गया है। राज्य मिशन निदेशक डा. वीरेन्द्र यादव की देखरेख में, स्वास्थ्य अधिकारियों और चिकित्सकों को डिजिटल प्रणाली का प्रशिक्षण दिया गया है। इसके साथ ही, निजी अस्पतालों, लैब और मेडिकल स्टोर संचालकों को भी डिजिटल पंजीकरण के लिए प्रेरित किया गया है।
नई व्यवस्था के अनुसार, मरीज अब अस्पताल में लगे क्यूआर कोड को अपने मोबाइल से स्कैन करके पंजीकरण करा सकेंगे। इसके बाद, ओपीडी पर्ची डिजिटल रूप से तैयार होगी और मरीज का पूरा इलाज रिकार्ड उसकी आभा आइडी से जुड़ जाएगा। इस प्रणाली के माध्यम से डॉक्टर मरीज की पुरानी मेडिकल हिस्ट्री, जांच रिपोर्ट और दवाओं का विवरण तुरंत देख सकेंगे, जिससे इलाज की प्रक्रिया अधिक सटीक और तेज हो जाएगी। उप सिविल सर्जन डा. पवन यादव ने बताया कि जिले के आठ स्वास्थ्य संस्थानों में यह व्यवस्था पहले ही शुरू की जा चुकी है, जिनमें सीएचसी अटेली, पीएचसी रामपुर, पीएचसी माधौगढ़, सब सेंटर बेवल, मारोली और दत्ताल शामिल हैं। नागरिक अस्पताल नारनौल में जनरल फिजिशियन की ओपीडी में इसकी शुरुआत कर दी गई है।


















