Heart Stent Facility Soon: चंदौली जिला अस्पताल में जल्द शुरू हो सकती है हार्ट स्टेंट की सुविधा

चंदौली जिले के बाबा कीनाराम स्वशासी राजकीय मेडिकल कॉलेज के अस्पताल में हृदय रोगियों के लिए चिकित्सा सुविधाओं में वृद्धि होने की संभावना है। अस्पताल प्रशासन ने क
चंदौली जिले के बाबा कीनाराम स्वशासी राजकीय मेडिकल कॉलेज के अस्पताल में हृदय रोगियों के लिए चिकित्सा सुविधाओं में वृद्धि होने की संभावना है। अस्पताल प्रशासन ने कैथ लैब की स्थापना और हृदय की एंजियोग्राफी तथा स्टेंट लगाने की सुविधा शुरू करने के लिए लगभग 13 करोड़ रुपये का प्रस्ताव शासन को भेजा है। यदि इस प्रस्ताव को मंजूरी मिल जाती है, तो मरीजों को वाराणसी या अन्य शहरों की ओर जाने की आवश्यकता नहीं पड़ेगी। यह कदम स्थानीय हृदय रोगियों के लिए एक महत्वपूर्ण राहत साबित होगा।
मेडिकल कॉलेज के प्रधानाचार्य डॉ. अमित सिंह ने बताया कि अस्पताल में पहले से ही अनुभवी कार्डियोलाजिस्ट की तैनाती की गई है। इसके अलावा, अस्पताल में ईसीजी, इकोकार्डियोग्राफी (इको), ट्रोपोनिन और सीके-एमबी जैसी रक्त जांच की सुविधाएं भी उपलब्ध हैं। इन जांचों के माध्यम से कई मामलों में ईसीजी में स्पष्ट संकेत न मिलने पर भी हार्ट अटैक की पुष्टि की जा सकती है। यह जानना भी संभव है कि हार्ट अटैक कितनी देर पहले हुआ था।
डॉ. सिंह ने आगे बताया कि इकोकार्डियोग्राफी से हृदय की पंपिंग क्षमता, हृदय के आकार में बदलाव और अन्य संरचनात्मक गड़बड़ियों का पता लगाया जा सकता है। यदि किसी मरीज को सीने में दर्द या ब्लाकेज की आशंका है, तो एंजियोग्राफी सबसे प्रभावी जांच होती है, जिससे हृदय की धमनियों में रुकावट का सही आकलन किया जा सकता है। उन्होंने कहा कि यदि कैथ लैब का प्रस्ताव स्वीकृत हो जाता है, तो इस वर्ष या अगले वर्ष अस्पताल में एंजियोग्राफी, एंजियोप्लास्टी और स्टेंट लगाने की सुविधा शुरू हो जाएगी। इससे जनपद और आसपास के क्षेत्रों के हृदय रोगियों को बड़ी राहत मिलेगी और उन्हें इलाज के लिए बाहर नहीं जाना पड़ेगा।



















